सहयोग शिविर में मुख्यमंत्री ने की कई बड़ी घोषणाएं, मां मुंडेश्वरी धाम के जीर्णोद्धार, रोपवे, एयरपोर्ट और हेलीकॉप्टर सेवा पर दिया जोरl
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चीफ एडिटर- रवि प्रकाश दुबे/कैमूर/बिहार:
बिहार के कैमूर जिले में आयोजित सहयोग शिविर कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने जिलेवासियों को विकास की बड़ी सौगात देते हुए कुल ₹196.06 करोड़ की लागत से 60 विकास योजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, विभिन्न विभागों के कर्मचारी तथा स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य विकास योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है और इसी उद्देश्य से सरकार लगातार कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि "सहयोग शिविर" राज्य सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसके माध्यम से आम लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अब तक राज्यभर में सहयोग शिविरों के माध्यम से लगभग 3.03 लाख आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 2.61 लाख आवेदनों का निष्पादन किया जा चुका है। लगभग 90 प्रतिशत मामलों के सफल निष्पादन को उन्होंने सरकार की जवाबदेही और प्रशासनिक सक्रियता का प्रमाण बताया।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी लंबित मामलों का समयबद्ध एवं पारदर्शी तरीके से निष्पादन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी जरूरतमंद व्यक्ति को सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में परेशानी नहीं होनी चाहिए और प्रशासन जनता की समस्याओं के समाधान के लिए पूरी गंभीरता से कार्य करे।
मां मुंडेश्वरी धाम के विकास पर विशेष फोकस
मुख्यमंत्री ने कैमूर जिले की पहचान रहे ऐतिहासिक एवं धार्मिक महत्व के मां मुंडेश्वरी धाम के व्यापक विकास की घोषणा की। उन्होंने कहा कि मंदिर के जीर्णोद्धार और परिसर के विकास का कार्य प्राथमिकता के आधार पर कराया जाएगा ताकि देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
उन्होंने यह भी कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मां मुंडेश्वरी धाम तक रोपवे निर्माण की योजना पर गंभीरता से काम किया जाएगा। रोपवे बनने से पहाड़ी पर स्थित मंदिर तक पहुंचना आसान होगा और क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को नई गति मिलेगी।
पर्यटन को मिलेगा नया आयाम
मुख्यमंत्री ने कहा कि कैमूर में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं और सरकार इन्हें विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने संकेत दिया कि भविष्य की जरूरतों को देखते हुए क्षेत्र में एयरपोर्ट विकास की दिशा में भी कार्य किया जाएगा। इसके साथ ही पर्यटकों की सुविधा के लिए हेलीकॉप्टर सेवा शुरू करने की संभावना पर भी सरकार विचार कर रही है।
उन्होंने कहा कि यदि ये परियोजनाएं साकार होती हैं तो कैमूर न केवल बिहार बल्कि देश के प्रमुख पर्यटन स्थलों में अपनी अलग पहचान बनाएगा। इससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
विकास कार्यों में गुणवत्ता और पारदर्शिता पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, बिजली और पर्यटन सहित सभी क्षेत्रों में तेजी से विकास कार्य करा रही है। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी परियोजना में लापरवाही, भ्रष्टाचार या अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी योजनाएं समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और पारदर्शी तरीके से पूरी हों, इसके लिए लगातार निगरानी की जा रही है।
गांव-गरीब, किसान और युवाओं के लिए सरकार प्रतिबद्ध
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार गांव, गरीब, किसान, महिलाओं और युवाओं के कल्याण के लिए अनेक योजनाएं चला रही है। इन योजनाओं का उद्देश्य केवल आधारभूत संरचना का विकास करना नहीं बल्कि लोगों के जीवन स्तर में व्यापक सुधार लाना है।
स्थानीय लोगों में उत्साह
कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने मुख्यमंत्री की घोषणाओं का स्वागत करते हुए कहा कि कैमूर जिले को विकास की दिशा में बड़ी सौगात मिली है। विशेष रूप से मां मुंडेश्वरी धाम के विकास, रोपवे निर्माण, एयरपोर्ट तथा हेलीकॉप्टर सेवा की संभावनाओं से क्षेत्र में पर्यटन को बड़ा बढ़ावा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
विकास की नई पहचान बनेगा कैमूर
कैमूर में आयोजित सहयोग शिविर केवल योजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इस कार्यक्रम ने यह संदेश भी दिया कि राज्य सरकार विकास को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए गंभीरता से कार्य कर रही है। आने वाले समय में इन योजनाओं के धरातल पर उतरने के बाद कैमूर जिला विकास, पर्यटन, रोजगार और आधारभूत सुविधाओं के क्षेत्र में नई पहचान स्थापित कर सकता है।

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