खबर: Tahalka Aawaz आपकी आवाज
मनीष कुमार/नासरीगंज/रोहतास:
नासरीगंज थाना क्षेत्र के पडूरी गांव से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली खबर सामने आई है।
दो अप्रैल को हुए भूमि विवाद में भगिना द्वारा मामा की गोली मारकर हत्या के मामले में नामजद आरोपी परिवार सहित घर बंद कर फरार हो गया था। लेकिन इस जल्दबाजी और भय के बीच वे अपने ही घर में बंद बेजुबान पशुओं को छोड़ गए… और यहीं से शुरू हुई एक खौफनाक त्रासदी।
🔥 घर के अंदर बंद थे:
2 गाय
2 भैंस
2 बकरियां
भीषण गर्मी, न खाना, न पानी…
बेसहारा ये सभी पशु खूंटे से बंधे-बंधे तड़पते रहे… और अंततः भूख-प्यास से दम तोड़ दिया।
शुक्रवार को जब आसपास के लोगों को तेज दुर्गंध महसूस हुई, तब इस घटना का खुलासा हुआ। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, ताला तोड़ा गया… और अंदर का दृश्य देख हर कोई स्तब्ध रह गया।
पुलिस ने सभी छह मृत पशुओं को दफना दिया है।
सवाल उठता है — क्या इन बेजुबानों की कोई गलती थी?
कानून से बचने की कोशिश में इंसानियत को इस तरह कुचल देना… क्या यही समाज है?
इस घटना ने एक बार फिर दिखा दिया कि अपराध का असर सिर्फ इंसानों तक सीमित नहीं रहता, बल्कि मासूम जानवर भी इसकी कीमत चुकाते हैं।

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